भगवान धन्वन्तरि मूल मंत्र
यह मंत्र आरोग्य के देवता भगवान धन्वन्तरि को समर्पित है। धनतेरस के दिन इस मंत्र का जाप करने से उत्तम स्वास्थ्य और मानसिक शांति प्राप्त होती है।
मंत्र: ॐ धन्वन्तरये नमः॥
महामंत्र (धन्वन्तरि स्तुति):
ॐ नमो भगवते महासुदर्शनाय वासुदेवाय धन्वन्तरये। अमृतकलशहस्ताय सर्वभयविनाशाय सर्वरोगनिवारणाय। त्रिलोकपथाय त्रिलोकनाथाय श्रीमहाविष्णुस्वरूपाय। श्रीधन्वन्तरिस्वरूपाय श्रीश्रीश्री औषधचक्रनारायणाय नमः॥
अर्थ:
मैं परमेश्वर, महासुदर्शन, वासुदेव, धन्वन्तरि को नमन करता हूँ, जो अपने हाथों में अमृत का कलश धारण किए हुए हैं, जो सभी भयों का नाश करते हैं और सभी रोगों का निवारण करते हैं। जो तीनों लोकों के स्वामी हैं और भगवान विष्णु के ही रूप हैं।
लाभ:
- शारीरिक रोगों से मुक्ति मिलती है।
- घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
- आरोग्य सुख और दीर्घायु की प्राप्ति होती है।
(मंत्र समाप्त)
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