Bhagwan BhaktiBhagwan Bhakti
EN|हि
WhatsApp

॥ आरती (ईश्वर) — ईश्वर शरण ॥

ईश्वर परमात्मा की आरती, आत्मा में ज्योति जलाए।

ईश्वर स्वरूप सबका, अनंत काया धारण ध्रुव। सकल शांति हेतू ध्यावें, ज्ञान प्रकाश औ ध्रुव।। कर्म करें जो साधक, ईश्वर ध्यान में लग जायें। भूल पाप, शुद्धता पावें, सत्कर्म-तरंगी बन जायें।। जय ईश्वर, जय ईश्वर, सर्वत्र प्रभात प्रकाश। भक्ति जलधारा बहती, सत्संग-श्रद्धा अनमोल रीत।।

(आरती समाप्त)

इस आरतियां को साझा करें

भक्ति का प्रसार करें

WhatsApp

हमारे व्हाट्सएप चैनल से जुड़ें

आरती, चालीसा और दैनिक अनुष्ठानों की समय पर अपडेट सीधे अपने फोन पर प्राप्त करें।

अभी जुड़ें
AaAa