॥ आरती (सूर्य देव) — भानु की आरती ॥
सूर्य देव की आरती से जीवन में प्रकाश और उर्जा आती है।
जय सूर्य देव, जय सूर्य देव। आदित्य हेमकुंज, रश्मि विशाल, रोशनी उजियारा देव।। सूर्य तेज ध्रुव सज्जन, भौम शिव तनु धारी। नक्षत्र माला घेरा, सागर से निखरी धूप सारी।। जेठे पितामह सहस्र, अमृत वर्षा दो भीचे। जय जय सूर्य देव, पोषक प्रभात, हरि नाम की मधु चीते।। दिन रात प्रभा पावै, रोग सब मिटावै। सूर्य आरती गाई देवी, पराक्रमी तेज लहरावै।।
(आरती समाप्त)
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